बंटी शर्मा शिवपुरी:खबर प्रदेश में शिक्षकों के तबादलों की प्रक्रिया शुरू होते ही शिक्षा विभाग ने पात्रता को लेकर सख्त निर्देश जारी कर दिए हैं। विभागीय वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग (वीसी) में वरिष्ठ अधिकारियों ने स्पष्ट कर दिया है कि जिन शिक्षकों की ऑनलाइन ई-अटेंडेंस 90 प्रतिशत से कम है, उन्हें नई तबादला नीति के तहत स्थानांतरण का लाभ नहीं दिया जाएगा।
जानकारी के अनुसार, इस वर्ष मई और जून माह में ग्रीष्मकालीन अवकाश होने के कारण विभाग द्वारा अप्रैल 2026 तक की ई-अटेंडेंस को आधार मानकर पात्रता तय की जा रही है। इसके साथ ही ऐसे शिक्षक जिनकी संविलियन सेवा अवधि के तीन वर्ष पूर्ण नहीं हुए हैं, वे भी स्थानांतरण प्रक्रिया में शामिल नहीं हो सकेंगे।
शिक्षा विभाग का मानना है कि नियमित उपस्थिति और निर्धारित सेवा अवधि पूरी करने वाले शिक्षकों को ही तबादला प्रक्रिया का लाभ दिया जाना चाहिए। इसी उद्देश्य से ई-अटेंडेंस को अनिवार्य मानदंड बनाया गया है।
शिवपुरी जिला शिक्षा अधिकारी (डीईओ) विवेक श्रीवास्तव ने बताया कि जिले में 90 प्रतिशत से कम ई-अटेंडेंस वाले शिक्षकों की जानकारी पोर्टल पर अपडेट कराई जा रही है। विभाग द्वारा सभी संबंधित प्रकरणों की समीक्षा की जा रही है ताकि पात्र एवं अपात्र शिक्षकों की सूची समय पर तैयार की जा सके।
अब शिक्षकों की निगाहें पोर्टल पर जारी होने वाली अंतिम पात्रता सूची पर टिकी हैं। ऐसे में सवाल यह भी उठ रहा है कि क्या ई-अटेंडेंस की शर्त से बड़ी संख्या में शिक्षक तबादला प्रक्रिया से बाहर हो जाएंगे? आने वाले दिनों में यह स्थिति और स्पष्ट हो सकेगी।