पुजारी लखनदास बैरागी के अनुसार, तीनों बदमाश मुंह ढंककर मंदिर में दाखिल हुए। उन्होंने सो रहे पुजारी की मच्छरदानी हटाई और उन्हें दबोच लिया। एक बदमाश ने उनकी दाढ़ी पकड़ी, दूसरे ने मुंह दबाया, जबकि तीसरे ने उनकी मां को धमकाकर अलमारी और मंदिर की चाबियां ले लीं। इस दौरान बदमाशों ने पुजारी के साथ मारपीट भी की।
65-75 हजार नकदी और मंदिर से सोने का मुकुट ले गए
बदमाशों ने अलमारी और मंदिर के ताले खोलकर ठाकुर बाबा की मूर्ति पर टंगी चांदी की छत्र, एक सोने का मुकुट, चांदी का चूरा और कान की लोंग लूट ली। उन्होंने मंदिर की दान पेटी भी उठा ली। पुजारी के अनुसार, बदमाशों ने करीब 40-50 हजार रुपए नगद और उनकी मां के पास रखे 25 हजार रुपए भी छीन लिए। कुल मिलाकर 65-75 हजार रुपए की नगदी लूटी गई।
आरोपियों ने पुजारी को दी धमकी
लखनदास ने बताया कि आरोपी लगातार उन्हें धमका रहे थे और यह भी कहा कि 'तेरा भांजे मोहरगिर निवासी चकरा का और कुसमीरा धाम के बाबा भी हमें जानते हैं।' वारदात को अंजाम देने के बाद तीनों बदमाश अंधेरे का फायदा उठाकर फरार हो गए। पुजारी ने पुष्टि की कि वे बदमाशों को पहचान नहीं पाए क्योंकि उनके चेहरे ढंके हुए थे।
घटना की सूचना मिलने पर कोलारस थाना पुलिस मौके पर पहुंची और मामले की जांच शुरू कर दी है। पुलिस ने बदमाशों की तलाश के लिए आसपास के क्षेत्रों में भी छानबीन तेज कर दी है।