सागर शर्मा शिवपुरी:खबर शिवपुरी जिले के मायापुर थाना क्षेत्र के पहाड़ा गांव में सरकारी राशन दुकान पर हक की लड़ाई अचानक हिंसा में बदल गई। गरीब उपभोक्ता अमित जाटव जब राशन लेने पहुंचा, तो उसे तय 5 किलो गेहूं की जगह सिर्फ 4 किलो दिया जा रहा था। जब उसने सवाल उठाया, तो बहस इतनी बढ़ी कि मामला सीधा मारपीट तक जा पहुंचा। सवाल ये है—क्या गरीब का हक मांगना अब जुर्म हो गया है?
💥 भाई को बुलाकर किया हमला… मां तक नहीं बख्शी!
आरोप है कि सेल्समैन उपेंद्र लोधी ने अपने भाई अवनेश को मौके पर बुलाया और दोनों ने मिलकर अमित, उसके भाई और यहां तक कि उसकी मां को भी खेत में पटक-पटक कर पीटा। ग्रामीणों ने किसी तरह बीच-बचाव कर परिवार को बचाया, लेकिन तब तक हालात बिगड़ चुके थे। आखिर सरकारी जिम्मेदारी निभाने वाले ही अगर दबंगई दिखाएं, तो आम जनता कहां जाए?
📱 वायरल वीडियो ने खोली पोल!
इस पूरे घटनाक्रम का वीडियो भी सामने आया है, जो सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हो रहा है। वीडियो में साफ दिख रहा है कि किस तरह एक परिवार को बेरहमी से पीटा जा रहा है। क्या अब न्याय वीडियो के भरोसे मिलेगा?
⚖️ SC-ST एक्ट में केस दर्ज… पर क्या मिलेगा इंसाफ?
पीड़ित की शिकायत पर पुलिस ने सेल्समैन उपेंद्र लोधी और उसके भाई के खिलाफ मारपीट और एससी-एसटी एक्ट के तहत मामला दर्ज कर लिया है। जांच शुरू हो चुकी है, लेकिन बड़ा सवाल यही है—
👉 क्या गरीबों का राशन यूं ही कटता रहेगा?
👉 क्या दोषियों पर सख्त कार्रवाई होगी या मामला ठंडा पड़ जाएगा?
🔥 शिवपुरी में ये कोई पहली घटना नहीं… आखिर कब रुकेगा राशन पर ‘कट’ और गरीबों पर ‘हिंसा’?