सागर शर्मा शिवपुरी:शिवपुरी में मध्य प्रदेश पुलिस पेंशनर्स संघ ने पन्ना जिले में दर्ज एक FIR को लेकर बड़ा मोर्चा खोल दिया है। 80 वर्षीय सेवानिवृत्त DSP भरत सिंह चौहान और उनकी 76 वर्षीय पत्नी पर दर्ज केस को संघ ने सीधा-सीधा “झूठा और साजिशन” बताया है। इस मामले में संघ ने शिवपुरी SP को ज्ञापन सौंपते हुए कड़ी कार्रवाई की मांग की—लेकिन सबसे बड़ा सवाल यही उठ रहा है कि आखिर एक बुजुर्ग दंपती पर इतनी गंभीर धाराएं क्यों?
💥 मामला क्या है—और सवाल क्यों उठ रहे हैं
बताया जा रहा है कि 7 अप्रैल 2026 को पन्ना-छतरपुर रोड पर वाहन चेकिंग के दौरान यह विवाद हुआ। आरोप है कि एक आरक्षक ने बुजुर्ग दंपती के साथ अभद्रता की, लेकिन मामला यहीं खत्म नहीं हुआ। थाना प्रभारी रचना पटेल ने आरक्षक की रिपोर्ट के आधार पर BNS और आर्म्स एक्ट जैसी गंभीर धाराओं में FIR दर्ज कर दी। अब सवाल ये—क्या सीट बेल्ट जैसे मामूली मुद्दे को इतना बड़ा केस बनाना जायज़ था?
⚠️ “80 साल का बुजुर्ग पुलिस पर हमला करेगा?”
संघ के जिला अध्यक्ष गौरी शंकर शर्मा ने तीखा सवाल उठाया—क्या एक 80 वर्षीय रिटायर्ड DSP कई पुलिसकर्मियों के बीच शासकीय कार्य में बाधा डाल सकता है? उन्होंने कहा कि यह मामला पूरी तरह संदिग्ध और तथ्यहीन लगता है। साथ ही, बिना किसी हथियार के उपयोग के आर्म्स एक्ट लगाना—क्या यह कानून का दुरुपयोग नहीं?
🚨 प्रदेशव्यापी आंदोलन की चेतावनी !
पेंशनर्स संघ ने साफ कह दिया है—अगर समय रहते FIR खारिज नहीं हुई और दोषी पुलिसकर्मियों पर कार्रवाई नहीं हुई, तो यह मामला पूरे मध्य प्रदेश में आंदोलन का रूप ले सकता है। संघ ने मांग की है कि निष्पक्ष जांच किसी दूसरे जिले के वरिष्ठ अधिकारी से कराई जाए और पुलिस मैनुअल का सख्ती से पालन हो।