सागर शर्मा शिवपुरी:खबर शिवपुरी शहर में नगर प्रशासन के विकास और रोशनी के दावों के विपरीत एक घटना सामने आई है। रविवार शाम मुक्तिधाम में बिजली व्यवस्था न होने के कारण परिजनों को अपने प्रियजन का अंतिम संस्कार मोबाइल फोन की रोशनी में करना पड़ा। इस घटना ने नगर प्रशासन की तैयारियों पर गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं।
यह घटना रविवार देर शाम तारकेश्वरी कॉलोनी निवासी हल्कू राम सोनी के निधन के बाद की है। परिजन जब शहर के मुक्तिधाम पहुंचे, तो पूरा परिसर अंधेरे में डूबा हुआ था। वहां न तो स्ट्रीट लाइट जल रही थी और न ही किसी वैकल्पिक प्रकाश की व्यवस्था थी।
फोन के टार्च जलाकर किया अंतिम संस्कार
मजबूरी में वहां मौजूद लोगों ने अपने-अपने मोबाइल फोन की टॉर्च जलाकर अंतिम संस्कार की प्रक्रिया पूरी की। परिजनों ने बताया कि इस दौरान नगर पालिका और बिजली कंपनी के जिम्मेदारों को कई बार फोन किए गए, लेकिन मौके पर कोई सहायता नहीं पहुंची। शोक की इस घड़ी में ऐसी अव्यवस्था ने परिवार को और अधिक मानसिक पीड़ा दी।
स्थानीय लोगों ने इस पर नाराजगी जताते हुए कहा कि शहर की कॉलोनियां और फार्म हाउस नगर पालिका की लाइटों से जगमगाते रहते हैं, लेकिन मुक्तिधाम जैसी आवश्यक और संवेदनशील जगह लगातार उपेक्षा का शिकार बनी हुई है।
मृतक के पुत्र शालिग्राम सोनी ने बताया, "हम पिताजी का अंतिम संस्कार करने पहुंचे तो चारों ओर अंधेरा था। सभी ने मोबाइल की टॉर्च जलाकर किसी तरह संस्कार किया। हमने नपा और बिजली कंपनी को फोन किया, लेकिन कोई व्यवस्था नहीं हो सकी।"
अब व्यवस्था कराने का दावा
इस मामले में नगर पालिका सीएमओ इशांक धाकड़ ने कहा कि मुक्तिधाम में बिजली व्यवस्था न होने की जानकारी आज मिली है। जल्द ही वहां पर्याप्त रोशनी के लिए लाइट की व्यवस्था कराई जाएगी।