सवर्ण आर्मी के प्रदेश महासचिव ठा. सोनू चौहान ने बताया कि 25 दिसंबर को भीम आर्मी और आजाद समाज पार्टी के एक कार्यक्रम में खुले मंच से मनुस्मृति को जलाया गया था। इस कृत्य का वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल किया गया, जिसमें धर्म-विरोधी नारे भी लगाए गए। संगठन का आरोप है कि इससे धार्मिक भावनाएं आहत हुई हैं और समाज में जातिगत तनाव पैदा करने का प्रयास किया गया।
संगठन ने इस घटना को कानून-व्यवस्था बिगाड़ने वाला बताते हुए आरोपियों के खिलाफ राष्ट्रीय सुरक्षा कानून (NSA) के तहत कार्रवाई की मांग की। शिकायत पत्र में जिन लोगों के नाम शामिल हैं, उनमें विनय रतन, दामोदर यादव, सुनील विद्रोही, राम सिंह बौद्ध, जसरथ, सुनील अस्तेय, सुनील बैरसिया, मकरंद बौद्ध और भीम आर्मी शिवपुरी के जिलाध्यक्ष सुरेंद्र राजा शामिल बताए गए हैं।
अनिश्चितकालीन भूख हड़ताल की चेतावनी
सवर्ण आर्मी ने स्पष्ट किया है कि यदि प्रशासन ने समय रहते सख्त कदम नहीं उठाए, तो संगठन के पदाधिकारी और कार्यकर्ता अनिश्चितकालीन भूख हड़ताल शुरू कर देंगे। संगठन ने शांति व्यवस्था बनाए रखने के लिए आरोपियों की तत्काल गिरफ्तारी की मांग की है।
सवर्ण आर्मी के जिला अध्यक्ष डॉ. भरत सिंह सोलंकी ने कहा कि यह कृत्य धार्मिक भावनाओं को ठेस पहुंचाने वाला है। उन्होंने प्रशासन से समाज में शांति बनाए रखने के लिए कड़ी से कड़ी कार्रवाई करने का आग्रह किया।
प्रदेश महासचिव ठा. सोनू चौहान ने दोहराया कि यदि आरोपियों पर NSA सहित कठोर धाराओं में कार्रवाई नहीं होती है, तो सवर्ण आर्मी भूख हड़ताल पर जाने को मजबूर होगी।
इस मामले को लेकर क्षेत्र में तनाव का माहौल बना हुआ है। खनियांधाना थाना प्रभारी केदार सिंह यादव ने बताया कि शिकायत की जांच की जा रही है और कानून के अनुसार आवश्यक कार्रवाई की जाएगी।