सागर शर्मा शिवपुरी:खबर शिवपुरी जिले के करैरा में गुरुवार को ओबीसी महासभा ने जोरदार प्रदर्शन कर अपनी मांगों को लेकर आवाज बुलंद की। कार्यक्रम के बाद कार्यकर्ताओं ने एसडीओपी कार्यालय पहुंचकर प्रधानमंत्री के नाम ज्ञापन एडिशनल एसपी संजीव मुले को सौंपा। सवाल उठता है—क्या इस बार सरकार इन मांगों पर ठोस कदम उठाएगी? 🤔
ज्ञापन में प्रदेश प्रभारी जितेंद्र लोधी ने कहा कि पिछड़ा वर्ग लंबे समय से अपने अधिकारों के लिए संघर्ष कर रहा है, लेकिन अब तक कोई ठोस समाधान नहीं मिला। महासभा ने मांग की कि प्रस्तावित यूजीसी नियमावली 2026 को देशभर में तुरंत लागू किया जाए, ताकि उच्च शिक्षण संस्थानों में ओबीसी छात्रों के हित सुरक्षित रह सकें।
इसके साथ ही, आगामी जनगणना में ओबीसी के लिए अलग कॉलम जोड़कर जातिगत जनगणना कराने, मध्य प्रदेश में 13% होल्ड पद बहाल करने, बैकलॉग रिक्तियों को भरने और निजी क्षेत्र में भी जनसंख्या के अनुपात में आरक्षण लागू करने की मांग रखी गई।
⚠️ पुलिस कार्यप्रणाली पर भी उठे सवाल
इसी दौरान पुलिस अधीक्षक के नाम सौंपे गए दूसरे ज्ञापन में करेरा थाना क्षेत्र की कार्यप्रणाली पर गंभीर आरोप लगाए गए। आरोप है कि चोरी, दुष्कर्म और दुर्घटना जैसे मामलों में एफआईआर दर्ज नहीं की जाती और ओबीसी व बहुजन समाज के लोगों को परेशान किया जाता है।
👉 चेतावनी भी साफ:
अगर मांगों पर जल्द कार्रवाई नहीं हुई, तो महासभा बड़े स्तर पर आंदोलन करेगी।
👉 अब बड़े सवाल:
क्या सरकार इन मांगों को गंभीरता से लेगी?
क्या पुलिस कार्यप्रणाली में सुधार होगा?
या फिर आंदोलन और तेज होगा?
📢 करैरा से उठी यह आवाज अब बड़ा रूप ले सकती है!