खबर:शिवपुरी जिले के नरवर में शराब कंपनी के मैनेजर पंकज राय (31) की गोली मारकर हत्या का सनसनीखेज मामला सामने आया है। घटना मंगलवार रात करीब 11:30 बजे लोढ़ी माता मंदिर के सामने स्थित कंपनी के ऑफिस के बाहर हुई। गोली लगने के बाद पंकज राय को गंभीर हालत में ग्वालियर ले जाया जा रहा था, लेकिन रास्ते में ही उनकी मौत हो गई। घटना के बाद इलाके में सनसनी फैल गई।
पंकज राय मूल रूप से ग्वालियर जिले के डबरा के रहने वाले थे और नरवर में रचना राय की शराब ठेका कंपनी में मैनेजर के पद पर काम कर रहे थे। बताया जा रहा है कि घटना के समय पंकज अपनी कार में ऑफिस के बाहर बैठे थे और उनके साथ कुछ अन्य लोग भी मौजूद थे। इसी दौरान पिस्टल से गोली चलने की घटना हुई, जिसमें पंकज गंभीर रूप से घायल हो गए।
पुरानी रंजिश में हत्या का आरोप
मृतक के भाई हर्षित राय ने नरवर थाने में शिकायत दर्ज कराई है। शिकायत में उन्होंने कंपनी के कैशियर बॉबी राय और कर्मचारी अंकित ठाकुर पर हत्या का आरोप लगाया है। हर्षित के मुताबिक दोनों आरोपी कथित पुरानी रंजिश के चलते मौके पर पहुंचे थे और पंकज के साथ गाली-गलौज की।
परिजनों के लगाए आरोप के अनुसार विवाद के दौरान बॉबी राय ने अपनी पिस्टल अंकित ठाकुर को दी और कथित तौर पर गोली चलाने के लिए कहा। इसके बाद अंकित ने पंकज पर गोली चला दी। गोली लगने के बाद पंकज गंभीर रूप से घायल हो गए।
ग्वालियर ले जाते समय रास्ते में मौत
घटना की जानकारी मिलने के बाद परिजन घायल पंकज को उपचार के लिए ग्वालियर लेकर रवाना हुए। हालत गंभीर होने के कारण उन्हें तत्काल बेहतर इलाज के लिए ले जाया जा रहा था, लेकिन रास्ते में ही उनकी मौत हो गई। इसके बाद परिवार में मातम छा गया।
बुधवार को ग्वालियर में मृतक के शव का पोस्टमार्टम कराया गया। पोस्टमार्टम के बाद शव परिजनों को सौंपे जाने की कार्रवाई की गई। हत्या की खबर सामने आने के बाद मृतक के परिवार और परिचितों में आक्रोश है।
दो आरोपियों के खिलाफ हत्या की FIR
नरवर थाना प्रभारी अरुण प्रताप सिंह के अनुसार मृतक के परिजन बुधवार दोपहर थाने पहुंचे और शिकायत दर्ज कराई। पुलिस ने शिकायत के आधार पर बॉबी राय और अंकित ठाकुर के खिलाफ हत्या की धाराओं में एफआईआर दर्ज कर ली है। पुलिस अब मामले की जांच कर रही है।
पुलिस घटना के पीछे की वास्तविक वजह, दोनों आरोपियों की भूमिका और गोली चलाए जाने की पूरी परिस्थितियों की जांच कर रही है। पुलिस यह भी पता लगाने में जुटी है कि वारदात के दौरान मौके पर कौन-कौन लोग मौजूद थे।
पिस्टल लाइसेंसी थी या नहीं, पुलिस कर रही जांच
मामले में पुलिस के सामने एक अहम सवाल वारदात में इस्तेमाल पिस्टल को लेकर भी है। पुलिस यह पता लगाने में जुटी है कि जिस हथियार से गोली चलाई गई, वह लाइसेंसी था या अवैध। हथियार की बरामदगी और उसके संबंध में दस्तावेजों की जांच भी पुलिस की कार्रवाई का हिस्सा है।
फिलहाल पुलिस ने दोनों आरोपियों के खिलाफ मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी है। पुलिस आरोपियों की भूमिका, घटना की वजह और हथियार से जुड़े पहलुओं को खंगाल रही है। जांच आगे बढ़ने के बाद ही हत्या की पूरी तस्वीर स्पष्ट हो सकेगी।