सागर शर्मा शिवपुरी:शिवपुरी में आगामी 17 मार्च से विश्वविख्यात कथा व्यास देवकीनंदन ठाकुर के श्रीमुख से श्रीमद् भागवत कथा का आयोजन किया जाएगा। इसके पूर्व शहर में बलारी माता मंदिर से खेड़ापति हनुमान मंदिर तक एक भव्य पदयात्रा निकाली गई, जिसमें बड़ी संख्या में श्रद्धालु, साधु-संत और महिलाएं शामिल हुईं।
यह पदयात्रा बलारी माता मंदिर से प्रारंभ होकर शहर के विभिन्न मार्गों से होती हुई खेड़ापति हनुमान मंदिर पहुंचकर संपन्न हुई। यात्रा के दौरान कई स्थानों पर श्रद्धालुओं ने संतों का पुष्पवर्षा कर भव्य स्वागत किया और पूरे मार्ग में भक्ति का माहौल बना रहा।
इस पदयात्रा का आयोजन खेड़ापति पीठाधीश्वर
महामंडलेश्वर स्वामी नीलमणिदा जी महाराज के सानिध्य में किया गया। उन्होंने अपने संबोधन में कहा कि आज की नई पीढ़ी पाश्चात्य संस्कृति के प्रभाव में अपने पारंपरिक संस्कारों और त्योहारों को भूलती जा रही है। उन्होंने गुड़ी पड़वा को हिंदू नववर्ष का प्रतीक बताते हुए कहा कि ऐसे आयोजन समाज को अपनी सांस्कृतिक जड़ों से जोड़ने का कार्य करते हैं।
स्वामी नीलमणिदास जी महाराज ने बताया कि 17 मार्च से शिवपुरी में 1000 सहस्त्र चंडी महायज्ञ का आयोजन भी किया जाएगा। इसके साथ ही श्रद्धालु देवकीनंदन ठाकुर जी महाराज के श्रीमुख से श्रीमद् भागवत कथा का श्रवण करेंगे।
इस अवसर पर मोहित दास जी महाराज ने कहा कि ऐसे धार्मिक आयोजन समाज में समरसता, एकता और धर्म के प्रति जागरूकता का संदेश देते हैं। उन्होंने सभी श्रद्धालुओं से बड़ी संख्या में कथा में शामिल होने का आह्वान किया।