बंटी शर्मा शिवपुरी: खबर शिवपुरी में बढ़ती गर्मी के बीच बिजली संकट अब राजनीतिक मुद्दा बनता जा रहा है। मंगलवार को कांग्रेस कार्यकर्ताओं ने कलेक्ट्रेट पहुंचकर अघोषित बिजली कटौती के खिलाफ विरोध जताया और प्रशासन को ज्ञापन सौंपते हुए तत्काल हस्तक्षेप की मांग की। कांग्रेस नेताओं का कहना है कि शहर से लेकर गांव तक लोग रातभर बिजली संकट झेल रहे हैं, लेकिन राहत के लिए अब तक ठोस व्यवस्था नजर नहीं आ रही।
रात में बिजली गुल, लोगों की नींद और चैन दोनों छिने
ब्लॉक कांग्रेस कमेटी शिवपुरी ग्रामीण के अध्यक्ष लक्ष्मण रावत के नेतृत्व में कार्यकर्ताओं ने प्रशासन को ज्ञापन सौंपा। ज्ञापन में आरोप लगाया गया कि शहर और ग्रामीण क्षेत्रों में लगातार अघोषित बिजली कटौती हो रही है।
कांग्रेस नेताओं का कहना है कि भीषण गर्मी के बीच रात में बार-बार बिजली जाने से लोगों की हालत खराब हो रही है। बच्चों की पढ़ाई प्रभावित हो रही है, बुजुर्गों को परेशानी झेलनी पड़ रही है और महिलाओं को रातभर गर्मी से जूझना पड़ रहा है।
सवालों के घेरे में बिजली व्यवस्था
ज्ञापन के दौरान कांग्रेस ने सवाल उठाया कि आखिर बिना सूचना बिजली कटौती क्यों की जा रही है? यदि मेंटेनेंस या तकनीकी कारण हैं तो जनता को पहले जानकारी क्यों नहीं दी जाती?
नेताओं ने कहा कि जब तापमान लगातार बढ़ रहा है, तब बिजली व्यवस्था मजबूत करने की जरूरत थी, लेकिन लोगों को उल्टा संकट का सामना करना पड़ रहा है।
प्रशासन से क्या मांग की गई?
कांग्रेस कार्यकर्ताओं ने प्रशासन से मांग रखी—
⚡ अघोषित बिजली कटौती तत्काल बंद की जाए
⚡ नियमित और तय समय पर बिजली आपूर्ति सुनिश्चित हो
⚡ रात के समय होने वाली बार-बार ट्रिपिंग पर नियंत्रण किया जाए
⚡ ग्रामीण क्षेत्रों में बिजली व्यवस्था की विशेष मॉनिटरिंग हो
जनता पूछ रही है… जवाब कौन देगा?
❓ रातभर बिजली गुल रहने की जिम्मेदारी किसकी?
❓ भीषण गर्मी में वैकल्पिक व्यवस्था क्यों नहीं?
❓ ग्रामीण क्षेत्रों में बिजली संकट कब खत्म होगा?
❓ बिना सूचना कटौती पर कार्रवाई होगी या नहीं?
अब देखने वाली बात होगी कि ज्ञापन के बाद प्रशासन और बिजली विभाग क्या कदम उठाते हैं या फिर गर्मी के साथ लोगों की परेशानी भी बढ़ती जाएगी।