खबर:शिवपुरी न्यायालय परिसर के बाहर शुक्रवार को पति-पत्नी के बीच विवाद का मामला सामने आया है। पति ने अपनी पत्नी पर पत्थर से हमला करने और हाथ की उंगली दांतों से चबा लेने का गंभीर आरोप लगाया है। घटना के बाद घायल पति कोतवाली थाने पहुंचा और पुलिस को शिकायत देकर कार्रवाई की मांग की। पुलिस ने शिकायत के आधार पर मामले की जांच शुरू कर दी है।
मामला गोपालपुर थाना क्षेत्र के गोपालपुर गांव से जुड़ा है। यहां रहने वाले वैजनाथ धाकड़ के अनुसार, उसकी शादी वर्ष 2012 में हुई थी। दंपती के दो बच्चे हैं, जिनमें एक बेटा और एक बेटी है। वैजनाथ का कहना है कि पिछले करीब पांच महीने से उसकी पत्नी उससे अलग रह रही है। उसके मुताबिक, बेटी पत्नी के साथ रहती है, जबकि बेटा उसके पास रह रहा है।
भरण-पोषण के मामले में कोर्ट पहुंचा था पति
वैजनाथ के अनुसार, उसकी पत्नी ने उसके खिलाफ न्यायालय में भरण-पोषण से संबंधित मामला दायर किया है। इसी मामले की सुनवाई के लिए शुक्रवार को शिवपुरी न्यायालय में तारीख निर्धारित थी। वैजनाथ भी मामले की सुनवाई में शामिल होने के लिए न्यायालय पहुंचा था।
उसका कहना है कि न्यायालय पहुंचने के बाद कोर्ट परिसर के बाहर उसकी पत्नी से अचानक विवाद हो गया। देखते ही देखते दोनों के बीच कहासुनी बढ़ गई। वैजनाथ ने आरोप लगाया कि इसी दौरान पत्नी ने उस पर पत्थर से हमला कर दिया।
पत्थर से हमला करने का आरोप
पीड़ित पति का आरोप है कि विवाद के दौरान उसकी पत्नी ने पत्थर उठाकर उस पर हमला किया। अचानक हुए हमले से वह खुद को संभाल नहीं पाया। इसी दौरान उसके हाथ में चोट लगने की बात भी सामने आई है।
वैजनाथ के मुताबिक, विवाद के दौरान पत्नी ने उसके हाथ की एक उंगली को दांतों से चबा लिया। उसने बताया कि उसने किसी तरह खुद को बचाया और मौके से हटकर थाने पहुंचने का फैसला किया।
घटना के बाद न्यायालय परिसर के बाहर कुछ समय के लिए विवाद की स्थिति बनी रही। हालांकि मामले में यह स्पष्ट नहीं है कि विवाद शुरू होने की वास्तविक वजह क्या थी। पुलिस जांच के बाद ही घटनाक्रम की पूरी तस्वीर सामने आने की संभावना है।
पत्नी पर लगाया प्रेमी के साथ रहने का आरोप
वैजनाथ ने अपनी शिकायत और बयान में पत्नी के संबंध में कई आरोप लगाए हैं। उसका कहना है कि करीब पांच महीने पहले उसकी पत्नी उसे छोड़कर चली गई थी और वर्तमान में वह कथित तौर पर अपने प्रेमी के साथ रह रही है।
हालांकि, पत्नी की ओर से इस संबंध में कोई प्रतिक्रिया सामने नहीं आई है और उसके पक्ष की स्वतंत्र पुष्टि भी नहीं हुई है। ऐसे में इन आरोपों को फिलहाल पति के दावे के तौर पर ही देखा जा रहा है।
वैजनाथ ने बताया कि दंपती के दो बच्चे हैं। बेटी अपनी मां के साथ रहती है, जबकि बेटा उसके साथ रह रहा है। पारिवारिक विवाद के बीच अब भरण-पोषण का मामला न्यायालय में विचाराधीन है।
कोर्ट में चल रहा है पारिवारिक विवाद
पति-पत्नी के बीच विवाद का एक हिस्सा न्यायालय तक पहुंच चुका है। पत्नी द्वारा पति के खिलाफ भरण-पोषण का मामला लगाए जाने की बात सामने आई है। इसी मामले की सुनवाई के दौरान दोनों पक्ष न्यायालय पहुंचे थे।
ऐसे मामलों में अक्सर पति-पत्नी के बीच पहले से चल रहे पारिवारिक विवाद का असर न्यायालय परिसर के बाहर भी देखने को मिल जाता है। हालांकि इस मामले में विवाद के दौरान वास्तव में क्या हुआ, यह पुलिस जांच और दोनों पक्षों के बयान के बाद ही स्पष्ट हो सकेगा।
शिकायत के बाद पुलिस ने शुरू की जांच
घटना के बाद वैजनाथ धाकड़ कोतवाली थाने पहुंचा। उसने पुलिस को पूरी घटना की जानकारी देते हुए पत्नी के खिलाफ शिकायत दर्ज कराई। शिकायत में उसने पत्थर से हमला करने और उंगली चबा लेने का आरोप लगाया है।
पुलिस ने शिकायत मिलने के बाद मामले की जांच शुरू कर दी है। पुलिस अब घटना से जुड़े तथ्यों की पड़ताल कर रही है। इसमें दोनों पक्षों के बयान, घटना के दौरान मौजूद लोगों की जानकारी और यदि उपलब्ध हो तो अन्य साक्ष्यों की जांच की जा सकती है।
पत्नी का पक्ष सामने आना बाकी
मामले में सबसे महत्वपूर्ण बात यह है कि अभी तक सामने आई जानकारी मुख्य रूप से पति वैजनाथ धाकड़ के आरोपों पर आधारित है। पत्नी की ओर से घटना को लेकर कोई आधिकारिक बयान सामने नहीं आया है। इसलिए पुलिस जांच पूरी होने से पहले आरोपों को अंतिम सत्य मानना उचित नहीं होगा।
अब पुलिस के सामने यह पता लगाने की चुनौती है कि न्यायालय परिसर के बाहर विवाद किस बात को लेकर शुरू हुआ, क्या वास्तव में पत्थर से हमला किया गया और पति की उंगली में चोट किस परिस्थिति में आई।
फिलहाल पुलिस मामले की जांच में जुटी है। जांच के बाद ही स्पष्ट होगा कि घटना में दोनों पक्षों की क्या भूमिका रही और आगे किस प्रकार की कानूनी कार्रवाई की जाती है।
नोट: इस खबर में लगाए गए आरोप संबंधित पति के कथन पर आधारित हैं। पत्नी का पक्ष और पुलिस जांच के अंतिम निष्कर्ष सामने आने के बाद ही मामले की पूरी स्थिति स्पष्ट हो सकेगी।