जेम पोर्टल से 10 मदों में खरीदी गई सामग्री का मामला; अपर सचिव ने तीन दिन में मांगा जवाब
शिवपुरी जिले की मगरौनी नगर परिषद में मई 2025 से फरवरी 2026 के बीच जेम पोर्टल के जरिए हुई खरीदी को लेकर नगरीय निकाय एवं आवास विभाग ने कार्रवाई शुरू कर दी है। करीब 20 लाख रुपए से अधिक की सामग्री खरीदी के मामले में विभाग के अपर सचिव संजय दुबे ने 22 अक्टूबर को नगर परिषद के सीएमओ, राजस्व निरीक्षक (आरआई) और संबंधित बाबू को नोटिस जारी किया है। तीनों से तीन दिन के भीतर जवाब मांगा गया है। विभाग को खरीदी की दरों और प्रक्रिया में गड़बड़ी की आशंका है। अधिकारियों के जवाब और रिकॉर्ड की जांच के बाद आगे की कार्रवाई तय होगी।
फिनायल और मच्छर मारने की दवा की बड़ी मात्रा में खरीदी -
मगरौनी नगर परिषद में इस अवधि के दौरान फिनायल, मच्छर मारने की दवा, लाइट और चूना सहित 10 मदों में सामग्री खरीदी गई थी। खरीदी से जुड़े एक बिल में 3 हजार लीटर फिनायल और एक हजार लीटर मच्छर मारने की दवा का उल्लेख है। दस्तावेजों में फिनायल की कीमत 66.95 रुपए प्रति लीटर और मच्छर मारने की दवा की दर 205 रुपए प्रति लीटर दर्ज बताई गई है।
उपलब्ध जानकारी के अनुसार, इन वस्तुओं की कीमतों को लेकर विभाग ने जवाब मांगा है। खरीदी की दरें कैसे तय हुईं, सामान की आपूर्ति कितनी हुई और भुगतान किस आधार पर किया गया, इन बिंदुओं पर संबंधित रिकॉर्ड महत्वपूर्ण रहेगा।
मई 2025 से फरवरी 2026 तक हुईं 10 खरीदी -
नोटिस में अलग-अलग तारीखों पर की गई खरीदी का ब्योरा दिया गया है। इसमें 9 मई 2025 को 2.44 लाख रुपए, 4 जून को 2.49 लाख रुपए, 5 जून को 2.44 लाख रुपए, 2 जुलाई को 2.39 लाख और 2.38 लाख रुपए, 3 जुलाई को 2.43 लाख और 2.44 लाख रुपए, 16 अक्टूबर को 1.94 लाख रुपए तथा 5 फरवरी 2026 को 2.38 लाख रुपए की खरीदी का उल्लेख है। एक अन्य प्रविष्टि सहित कुल 10 मदों की खरीद का रिकॉर्ड जांच के दायरे में है।
उस समय पदस्थ अधिकारियों के कार्यकाल की खरीदी -
जानकारी के मुताबिक, संबंधित अवधि में सीएमओ रमेश भार्गव और संतोष सोनी के कार्यकाल में ये खरीदी हुई थीं। दोनों अधिकारी अब मगरौनी नगर परिषद से दूसरी जगह पदस्थ हैं। विभाग की जांच में यह देखा जाना है कि खरीदी के लिए किस स्तर पर स्वीकृति दी गई, सामान की आपूर्ति के दस्तावेज क्या हैं और भुगतान की प्रक्रिया निर्धारित नियमों के अनुसार पूरी हुई या नहीं।
मगरौनी नगर परिषद में पिछले चार वर्षों में 10 से अधिक सीएमओ बदले जाने की जानकारी भी सामने आई है। लगातार अधिकारियों के बदलने के बीच पुराने कार्यों का रिकॉर्ड और उनकी जिम्मेदारी तय करना भी महत्वपूर्ण होगा।
मौजूदा सीएमओ बोले- जेम पोर्टल से खरीदी शासन के निर्देश पर -
मगरौनी नगर परिषद के मौजूदा सीएमओ यशवंत वर्मा ने बताया कि वे हाल ही में यहां आए हैं। उनके अनुसार, नोटिस पूर्व में पदस्थ अधिकारियों को मिला है। उन्होंने कहा कि जेम पोर्टल के माध्यम से खरीदी शासन के निर्देशों के तहत की जाती है और इस तरह के नोटिस अन्य नगर पालिकाओं व परिषदों को भी जारी हुए हैं।
जवाब मिलने के बाद तय होगी आगे की कार्रवाई -
विभाग ने संबंधित अधिकारियों को नोटिस जारी कर तीन दिन में जवाब देने को कहा है। जवाब मिलने के बाद खरीदी से जुड़े बिल, दरें, आपूर्ति और भुगतान के रिकॉर्ड की जांच की जाएगी। इसके बाद ही यह स्पष्ट होगा कि प्रक्रिया में कोई अनियमितता हुई है या नहीं और जिम्मेदारी किसकी बनती है। फिलहाल मामला विभागीय जांच के चरण में है।

